मध्य पूर्व में उफान पर तनाव ने अमेरिका को हरकत में ला दिया। अपने सभी नागरिकों को 15 देशों से फौरी तौर पर लौटने का फरमान जारी करते हुए विभाग ने गंभीर खतरे की घंटी बजाई है। ईरान विवाद चरम पर पहुंचने से चिंताएं गहरी हो गई हैं।
विदेश मंत्री मार्को रुबियो का वीडियो संदेश साफ लहजे में कहता है, ‘हम आपकी हिफाजत को सर्वोपरि मानते हैं।’ सहायक सचिव मोरा नामदार ने बहरीन से यमन तक सभी प्रभावित इलाकों का जिक्र किया और व्यावसायिक उड़ानों से निकलने की सलाह दी।
वाशिंगटन का विशेष ऑपरेशन सेंटर अब 24 घंटे सक्रिय टास्क फोर्स चला रहा है, जिसमें कांसुलर, सुरक्षा और डिप्लोमेसी के जानकार मौजूद हैं। संकट टीम रोजाना 110+ सदस्यों के साथ कॉन्फ्रेंस कर रही है।
30+ एसटीईपी नोटिस और 15 अलर्ट जारी हो चुके, 50 लाख ने जवाब दिया। व्हाट्सएप चैनल पर 15 हزار सब्सक्राइबर, पहुंच 6.5 लाख तक। मीडिया मॉनिटरिंग और फारसी अनुवाद से जानकारी का प्रसार तेज।
खाड़ी के प्रवासी और एनर्जी इंफ्रास्ट्रक्चर जोखिम में। एसटीईपी प्रोग्राम दूतावासों को तत्काल अपडेट भेजने और संपर्क करने में मदद करता है।
यह कदम अमेरिका की मजबूत संकट प्रबंधन क्षमता को दर्शाता है, जो नागरिकों की रक्षा सुनिश्चित करेगा।