Close Menu

    Subscribe to Updates

    Get the latest creative news from FooBar about art, design and business.

    What's Hot

    मिडिल ईस्ट विवाद: जिम्बाब्वे क्रिकेटर दुबई बंद से भारत में अटके

    March 2, 2026

    एनडीए की झोली में बिहार की 5 राज्यसभा सीटें: संतोष सुमन का भरोसा

    March 2, 2026

    भारत-कनाडा मैत्री में नई ऊर्जा: मोदी ने की कार्नी की तारीफ

    March 2, 2026
    Facebook X (Twitter) Instagram
    Indian Samachar
    • World
    • India
      • Chhattisgarh
      • Jharkhand
      • Madhya Pradesh
      • Bihar
    • Entertainment
    • Tech
    • Business
    • Health
    • Articles
    • Sports
    Indian Samachar
    Home»World»भारत की सिविल सोसाइटी पर यूएन प्रमुख की तारीफ, पाक-चीन पर निशाना
    World

    भारत की सिविल सोसाइटी पर यूएन प्रमुख की तारीफ, पाक-चीन पर निशाना

    Indian SamacharBy Indian SamacharMarch 2, 20262 Mins Read
    Share Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email WhatsApp Copy Link
    UNHRC
    Share
    Facebook Twitter LinkedIn Pinterest Email Copy Link

    संयुक्त राष्ट्र मानवाधिकार परिषद के 61वें सत्र में उच्चायुक्त वोल्कर तुर्क ने भारत को लोकतंत्र का प्रतीक बताते हुए पाकिस्तान और चीन के मानवाधिकार उल्लंघनों की कड़ी निंदा की। उन्होंने भारत की सिविल सोसाइटी को देश की लोकतांत्रिक नींव मजबूत करने वाली शक्ति करार दिया।

    एआई इम्पैक्ट समिट के सिलसिले में भारत प्रवास के दौरान तुर्क ने कहा, “सिविल सोसाइटी भारत की समृद्ध लोकतांत्रिक परंपराओं को संरक्षित रखने और अल्पसंख्यकों के अधिकारों की हिफाजत में सराहनीय कार्य कर रही है। स्वतंत्र नागरिक कार्यक्षेत्र सुनिश्चित करना अनिवार्य है।”

    पाकिस्तान पर निशाना साधते हुए तुर्क ने दो मानवाधिकार वकीलों को सोशल मीडिया पोस्ट के लिए 17 साल की सजा को दुर्भाग्यपूर्ण बताया। चीन से अस्पष्ट सुरक्षा प्रावधानों के दुरुपयोग को रोकने, मनमाने हिरासत में लिए गए लोगों की रिहाई और शिनजियांग-तिब्बत में उइगर व अन्य अल्पसंख्यकों के उत्पीड़न पर कार्रवाई की मांग की।

    जॉर्जिया की नागरिक स्वतंत्रताओं पर लगाम और वेनेजुएला की हिरासत नीतियों की भी आलोचना की। तुर्क ने आपात स्थितियों की पुनर्समीक्षा, सिविल सोसाइटी की भागीदारी तथा पीड़ितों की रिहाई पर जोर दिया। 16 मार्च को नया ब्योरा देने का ऐलान किया।

    यह बयान भारत की वैश्विक लोकतांत्रिक साख को बढ़ाता है तथा दमनकारी शासनों को आईना दिखाता है, मानवाधिकारों की वैश्विक लड़ाई को नई दिशा देता है।

    AI Impact Summit China Xinjiang Uyghurs Civil Society India India Democracy Minority Rights Pakistan human rights UN Human Rights Council Volker Turk
    Share. Facebook Twitter Pinterest LinkedIn Tumblr Email WhatsApp Copy Link

    Related Posts

    World

    भारत-कनाडा मैत्री में नई ऊर्जा: मोदी ने की कार्नी की तारीफ

    March 2, 2026
    World

    कोई विशेष परमिशन नहीं: ईरान से भारतीय छात्र आसानी से लौट सकेंगे

    March 2, 2026
    World

    इजरायली राजदूत: ईरान हमले से 9 मौतें, जमीन पर सैन्य कार्रवाई का फैसला लंबित

    March 2, 2026
    World

    ईरान संकट पर मोदी-कार्नी बैठक भारत ने कूटनीति पर जोर दिया

    March 2, 2026
    World

    ईरान हमले में अमेरिका ने भेजे बी-1 बॉम्बर, अमेरिका से नॉन-स्टॉप उड़ान

    March 2, 2026
    World

    ट्रांसनेशनल हिंसा के दावे झूठे, भारत-कनाडा सुरक्षा सहयोग मजबूत

    March 2, 2026
    -Advertisement-
    © 2026 Indian Samachar. All Rights Reserved.
    • About Us
    • Contact Us
    • Privacy Policy
    • Terms and Conditions

    Type above and press Enter to search. Press Esc to cancel.