प्रयागराज। आशुतोष ब्रह्मचारी महाराज ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद पर आश्रमों में बटुकों के शोषण के गंभीर इल्जाम लगाए। बाढ़ ग्रस्त इलाकों से लाए गए युवाओं के साथ गलत व्यवहार का दावा करते हुए उन्होंने कई नाम गिनाए।
‘गंगा को अपवित्र कहने वाले उसकी पवित्रता का हिस्सा नहीं बन सकते,’ ब्रह्मचारी ने तंज कसा। कोर्ट के निर्देश पर मेडिकल रिपोर्ट में दो बटुकों पर अत्याचार के प्रमाण मिले।
मुख्य आरोपी स्वामी अविमुक्तेश्वरानंद, सहयोगी मुकुंदानंद, अरविंद व प्रकाश उपाध्याय। शंकराचार्य कहलाने पर सुप्रीम कोर्ट अवमानना का डर बताया।
पॉक्सो कोर्ट ने ब्रह्मचारी की शिकायत पर FIR दर्ज करने का आदेश दिया है, पुलिस जांच करेगी।
आश्रमवासी, एसपी-कांग्रेस नेताओं पर भी उंगली उठाई। 18 जनवरी की घटना में बटुक भागे, संगम जाम का आरोप लगाया।
‘नाम बाद में खुलेंगे, मैं खलनायकों को उजागर करता हूं,’ उन्होंने कहा। यह घटनाक्रम संत समाज में हलचल मचा रहा है, कानूनी प्रक्रिया तय करेगी भविष्य।