इंडिया एआई इम्पैक्ट समिट 2026 नई दिल्ली में धूमधाम से चल रहा है। ग्लोबल साउथ का यह पहला बड़ा आयोजन विभिन्न देशों के जानकारों को एक मंच पर ला रहा है। एआई से कृषि, स्वास्थ्य等领域 में समस्याओं के समाधान पर चर्चा हो रही है।
मोहम्मद डियाबी ने एआई को वैश्विक पहल बताया। अफ्रीका जैसे क्षेत्रों को जोड़ना जरूरी है। वे साझेदारियों के माध्यम से लाभ उठाने के तरीके तलाश रहे हैं।
क्रोएशिया प्रतिनिधि ब्रानिमिर फार्कस ने मोदी-मैक्रों के संदेशों को महत्वपूर्ण माना। एआई सभ्यता के पथ पर चले।
ग्रीस के वैसिलियोस मिखाइल ने कहा कि यह इवेंट अनिवार्य है। भारत का योगदान सराहनीय, मैक्रों ने ग्रीस का नाम लिया। एआई पर अंतरराष्ट्रीय नियम बनाएं जो मनुष्यों को मजबूत करें।
वासिलिस कौटसौम्पास ने कहा कि एआई के फायदे सर्वत्र बंटें। मोदी, मैक्रों और हमारे पीएम की यही प्राथमिकता।
इटली की ऑरोरा रूसी ने समिट का स्वागत किया। भारत के साथ मानव-प्रधान मूल्य साझा करते हैं।
एलेक्जेंड्रोस बौडौरिस ने अपने दिल्ली अनुभव से भारत को मानवीय बताया। एआई के सामाजिक प्रभाव यहां हल हो सकते हैं।
समिट से एआई शासन में नई दिशा मिलेगी।