तेलंगाना के मेदारम जतरा में यूट्यूबर्स द्वारा मुस्लिम वेंडर शेख शेखा वली के साथ दुर्व्यवहार की घटना पर आंध्र प्रदेश के मंत्री नारा लोकेश ने एकजुटता दिखाई। कुरनूल के वली मुलुगु ट्राइबल मेले में अपना विशेष व्यंजन खोया बन बेच रहे थे, जब यूट्यूबर्स ने उन्हें ‘फूड जिहाद’ के बहाने उनका ही खाना खाने पर मजबूर किया।
इस पर लोकेश ने एक्स पर पोस्ट कर कहा, ‘भाई वली, आपके दर्द से व्यथित हूं। तेलुगु समाज सदा मेल-जोल और पारस्परिक सम्मान का पक्षधर रहा है, सांप्रदायिकता को कभी बर्दाश्त नहीं करेगा।’
उन्होंने वली से मिलने और उनके व्यंजन का लुत्फ उठाने का वचन दिया, ‘हम सब एक हैं।’ समर्थन की लहर तेज हो गई। एमएसएमई एवं एनआरआई सशक्तिकरण मंत्री कोंडापल्ली श्रीनिवास ने लिखा, ‘मेहनतकश को इज्जत मिले, यही हमारा संस्कार। लोकेश का कदम प्रेरणादायक है।’
श्रीनिवास ने कहा, ‘जागरूकता आवश्यक है, किंतु संयम के साथ। मानवता सर्वोपरि है, करुणा हमारा आधार बने।’ ओवैसी ने पहले ही ऐसी गुंडागर्दी की भर्त्सना कर कानूनी कदम उठाने की अपील की थी।
वली को व्यापक सहयोग मिला, जिसमें सोशल मीडिया स्टार्स और पार्टियां शामिल रहीं, जिन्होंने यूट्यूबर्स की निंदा की। यह प्रकरण ऑनलाइन सतर्कता के दुरुपयोग पर बहस छेड़ता है।
आंध्र नेतृत्व की पहल से तेलुगु भाइयों की एकता प्रबल हुई। वली का ठेला अब संघर्ष का प्रतीक बन गया है, जो नफरत के विरुद्ध दृढ़ता दर्शाता है।