पाकिस्तान में सियासी उबाल तेज हो गया है। पूर्व पीएम इमरान खान को जेल से अस्पताल ले जाने की खबरें आ रही हैं, लेकिन पीटीआई का कहना है कि यह सब चुपके-चुपके हो रहा है। परिवार को भनक तक नहीं दी गई।
पार्टी ने इसे खान की सुरक्षा के लिए घातक बताया और अधिकारियों से पारदर्शी इलाज की मांग की। सभी मेडिकल प्रक्रियाओं में निजी डॉक्टरों व परिवार की उपस्थिति अनिवार्य हो।
रिपोर्ट्स बताती हैं कि अदियाला जेल में महीनों से स्वास्थ्य देखभाल की कमी है। दाहिनी आंख अंधी होने की चर्चा ने चिंता बढ़ा दी है। मीडिया ने जेल अधिकारियों की नाकामी उजागर की।
पीटीआई बयान में कहा गया कि ऐसी गोपनीयता मानवाधिकारों का अपमान है। देरी अमानवीय है, तुरंत अल-शिफा जैसे अस्पताल में भेजा जाए।
विपक्ष ने शुक्रवार को संसद के आसपास प्रदर्शन किए। टीटीएपी ने सड़कों पर उतरकर आंदोलन तेज किया, मांग की कि खान को बेहतर इलाज मिले।
सुप्रीम कोर्ट का हालिया फैसला आंखों की जांच पर था, लेकिन पीटीआई इसे अपर्याप्त मानती है। भ्रष्टाचार केस में 2023 से जेल में खान का संघर्ष जारी है।
यह विवाद पाकिस्तान की जेल व्यवस्था और राजनीतिक हिरासत पर सवाल खड़े कर रहा है। पीटीआई तैयार है लंबी लड़ाई के लिए।