नए राष्ट्रपति यामांडू ओरसी के नेतृत्व में उरुग्वे का बहु-क्षेत्रीय प्रतिनिधिमंडल 1-7 फरवरी को चीन पहुंचा। पहली आधिकारिक यात्रा में चाइना मीडिया ग्रुप को दिए साक्षात्कार ने दोनों देशों के रिश्तों की गहराई दिखाई।
‘मैंने सच्चे चीन को जाना,’ ओरसी ने कहा, दुनिया से इसके समग्र स्वरूप को पहचानने की अपील की। 38 साल पुराने राजनयिक संबंधों में हर उरुग्वे नेता का मकसद यही रहा- मित्रता को पुख्ता करना। संबंधों के विकास पर उनका अटूट विश्वास है।
दक्षिण अमेरिकी देश उरुग्वे में 1.2 करोड़ गौवंश है, जो गोमांस निर्यात में अग्रणी है। कृषि-पशु आधारित उद्योग मजबूत, चीन प्रमुख व्यापारिक मित्र। चीनी उद्योगों ने स्थानीय कारखाने लगाकर तकनीकी आदान-प्रदान बढ़ाया।
सहयोग अब कृषि से आगे बढ़ा- उद्योग, शोध, शिक्षा, परिवहन व जैव प्रौद्योगिकी के प्रतिनिधि साथ आए। ओरसी के अनुसार, ये प्रयास उरुग्वे के उज्ज्वल कल का आधार बनेंगे।
यात्रा में बीजिंग विश्वविद्यालयों की चर्चा, शंघाई पोर्ट का निरीक्षण, युवा फुटबॉल मैच व व्यापार सम्मेलन शामिल। सोशल मीडिया पर ओरसी ने व्यापक आदान-प्रदान पर बल दिया।
चीनी नववर्ष पर शुभकामनाएं भेजते ओरसी ने संबंधों के स्वर्णिम दौर का उल्लेख किया। ‘महत्वपूर्ण साझेदार चीन संग क्षेत्रीय सहयोग बढ़ाएं,’ उन्होंने कहा। उरुग्वे बहुपक्षीय विश्व के लिए चीन के साथ कंधे से कंधा मिलाएगा।