कनाडा में भारत के उच्चायुक्त दिनेश पटनायक ने द्विपक्षीय संबंधों की मजबूती का ऐलान किया है। संबंध पूरी ताकत से आगे बढ़ रहे हैं और व्यापक आर्थिक साझेदारी (सीईपीए) पर चर्चा जल्द आरंभ हो सकती है। फाइनेंशियल पोस्ट साक्षात्कार में उन्होंने कहा कि दो वर्षों के तनाव के बाद यह स्थिति आदर्श है।
जी-7 समिट के कनानास्किस में पीएम मोदी व मार्क कार्नी की चर्चा ने मोड़ लाया। उच्चायुक्तों की नियुक्ति व मंत्रियों के बहुआयामी दौरों ने गति पकड़ी। विदेश, व्यापार, ऊर्जा क्षेत्रों में बैठकें राष्ट्रीय सुरक्षा से खनन, शिक्षा, एआई तक फैलीं।
‘ये मुलाकातें खोई हुई जमीन वापस लेने का प्रयास हैं,’ पटनायक बोले। जल्द उच्चस्तरीय कनाडाई दौरा होगा जो प्रगति पर ठप्पा लगाएगा। जी-20 के बाद सीईपीए वार्ता पक्की, संसद सूचित, फरवरी-मार्च में स्टार्ट।
भारत चौथी अर्थशक्ति बन चुका, तीसरा स्थान नजदीक। ईएफटीए, ईयू, यूएस, यूके, ऑस्ट्रेलिया, यूएई सौदों ने रास्ता प्रशस्त किया। लोकतंत्र, कानून, प्रेस व बाजार साझा—संयुक्त राष्ट्र, जी-ग्रुप्स में एकजुट।
सीईपीए व्यापार आसान करेगा, संसदों व समाजों को जोड़ेगा। तनावकाल में भी व्यापार चढ़ा, बैंक-यूनिवर्सिटी सक्रिय रहीं। छात्र, शोध, नवाचार बरकरार। कनाडा का भारतीय प्रवासी समुदाय मजबूत कड़ी। सुरक्षा मुद्दों पर अब स्थायी समाधान।