ऑफिस की थकान या पेट फूलने की समस्या से परेशान हैं? सौंफ की चाय आपके लिए रामबाण है। मुलेठी जैसे स्वाद वाली यह चाय पाचन सुधारने के साथ मन को तरोताजा रखती है। मासिक धर्म की ऐंठन में भी यह कारगर साबित होती है।
सौंफ पाचन के प्राकृतिक सहायक के रूप में विख्यात है। गैस्ट्रिक समस्याओं जैसे अपच, कब्ज और दर्द में तत्काल राहत देती है। इसके गुण आंतों को शांत करते हैं और पाचन को बेहतर बनाते हैं। पुरानी पाचन बीमारियों में लंबे समय तक फायदा पहुंचाती है।
आयुर्वेदिक दृष्टि से यह पित्त दोष को संतुलित करती है। अतिरिक्त पानी निकालने, सूजन कम करने और सांस की तकलीफ दूर करने में सहायक। एंटीबैक्टीरियल गुणों से त्वचा स्वस्थ रहती है और वजन प्रबंधन आसान होता है।
तैयारी सरल: सौंफ के दानों को पानी में उबालकर छान लें। गर्मागर्म पिएं, स्वाद के लिए शहद डालें। भोजन उपरांत उपयोग से अधिक लाभ। गर्भावस्था में डॉक्टर की सलाह जरूरी।
यह चाय स्वास्थ्य का सरल और प्रभावी स्रोत है, जो रोजमर्रा की चुनौतियों से निपटने में मददगार सिद्ध हो रही है।