अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर दबाव बढ़ाते हुए कहा कि परमाणु समझौता न होने पर हालात ‘बहुत दर्दनाक’ हो जाएंगे। व्हाइट हाउस में उन्होंने जोर देकर कहा, ‘डील होनी चाहिए, अन्यथा मुश्किलें बढ़ेंगी।’
ट्रंप ने एक महीने की समयसीमा तय की। ‘बातचीत लंबी नहीं चलेगी, ईरान को जल्द फैसला लेना होगा। असफलता पर फेज-2 कठोर कदमों वाला होगा,’ उन्होंने इशारा किया।
इजरायल के पीएम नेतन्याहू से बैठक के ठीक बाद ये बयान आए। ‘हमारी चर्चा सकारात्मक रही, पर फैसला मेरा है,’ ट्रंप ने कहा।
2015 की डील से अमेरिका के बाहर होने के बाद ईरान का कार्यक्रम विवादास्पद बना हुआ है। क्षेत्रीय अस्थिरता बढ़ रही है।
भारत पर असर गहरा होगा। पश्चिम एशिया से तेल और वहां बसे भारतीयों की चिंता। संघर्ष से वैश्विक ऊर्जा बाजार प्रभावित हो सकता है।