लोकसभा में 4 फरवरी को जो कुछ हुआ, उसका खुलासा केंद्रीय मंत्री किरेन रिजिजू ने एक वीडियो के जरिए किया है। एक्स पर पोस्ट इस क्लिप में कांग्रेस की महिला सांसदें पीएम मोदी की जगह को चारों तरफ से घेरे हुए दिखाई दे रही हैं, ठीक जब वह राष्ट्रपति अभिभाषण पर बोलने वाले थे।
हंगामे के चलते पीएम का भाषण रद्द करना पड़ा। रिजिजू ने तीखा प्रहार किया, ‘कांग्रेस अपने सांसदों के इस शर्मनाक तांडव पर फख्र महसूस करती है। हालात बेकाबू हो सकते थे।’ उन्होंने कांग्रेस के बनाए एआई वीडियो को भी उजागर किया।
कांग्रेस सांसदों ने स्पीकर ओम बिरला को चिट्ठी लिखी थी, जिसमें ‘धमकी’ के आरोपों को खारिज किया। उनका कहना था कि पीएम बोलने से घबरा रहे थे। लेकिन वीडियो सबूत कुछ और बयान देता है। बिरला ने पहले ही विपक्ष के ‘अनपेक्षित’ हरकत की चेतावनी दी थी।
शाम 5 बजे के आसपास जेनीबेन ठाकोर, वर्षा गायकवाड़, ज्योतिमती, आर. सुधा, के. काव्या, शोभा बच्छाव जैसी सांसदें वेल में उतर आईं। विरोध प्रदर्शन इतना तेज था कि सदन को स्थगित करना पड़ा।
यह घटना संसदीय मर्यादा पर सवाल खड़े कर रही है। भाजपा इसे विपक्षी अराजकता बता रही है, वहीं कांग्रेस बचाव में उतर आई है। रिजिजू का वीडियो सोशल मीडिया पर धूम मचा रहा है, जो राजनीतिक बहस को नई ऊंचाई देगा। संसद सत्र में और टकराव की आशंका है।