पूर्णिया के बागी सांसद राजेश रंजन उर्फ पप्पू यादव को पीएमसीएच से बेऊर जेल में स्थानांतरित कर दिया गया। भारी सुरक्षा के बीच सोमवार को हुई इस कार्रवाई ने पटना में सनसनी फैला दी।
शुक्रवार रात मंदिरी हाउस पर धावा बोलकर पुलिस ने 1995 के फर्जीवाड़े के केस में उन्हें हिरास्तार किया। हंगामे के बीच शनिवार को अदालत ने न्यायिक हिरासत स्वीकृत की। गिरफ्तारी के दौरान बाधा डालने पर सांसद समेत 21 के खिलाफ मुकदमा दर्ज।
स्वास्थ्य जांच के बाद आईजीआईएमएस से पीएमसीएच, फिर जेल। शिकायत विनोद बिहारी लाल का है कि किराए के नाम पर घर को ऑफिस बना लिया गया। बार-बार कोर्ट नजरअंदाज करने से अटैचमेंट वारंट आया।
आज की सुनवाई में नया ट्विस्ट आ सकता है। पप्पू के चाहने वाले इसे सियासी बदले की कार्रवाई मानते हैं। बिहार में ऐसे लंबे चले मुकदमों की पोल खुल रही है, जो नेताओं को लंबे समय तक परेशान करते रहते हैं।