पटना में राजद मुख्यालय पर शनिवार को तेजस्वी यादव का शानदार स्वागत हुआ। कार्यकारी अध्यक्ष बनने के बाद भाषण में उन्होंने समर्थकों को उत्साहित किया- ‘समय कमजोर है, हम नहीं। हमारा दौर अवश्य आएगा।’
उपमुख्यमंत्री काल से लेकर परिवारिक दूरी और कानूनी लड़ाइयों तक का सफर बयां किया। 2020 की सफलता और 2025 के पाठ से प्रेरित होकर बूथों से संगठन सशक्तिकरण का ऐलान। बिहार में राजद सत्ता में लौटने का लक्ष्य।
एनडीए पर निशाना: लोकतंत्र अब तंत्र मात्र। चुनाव पूर्व फर्जी मुकदमे, कार्यकर्ता उत्पीड़न, शेखपुरा पूर्व विधायक को धमकियां। डरतंत्र चला रहे हैं, राजद चुप नहीं बैठेगा।
होली उपरांत राष्ट्रव्यापी भ्रमण से पार्टी को बल देंगे। न्याय की विचारधारा ग्रामीण स्तर पर फैलाएंगे। संविधान-लोकतंत्र विरोधी षड्यंत्रों के विरुद्ध एकजुटता।
पीएम मोदी की मौनता पर प्रहार- अमेरिकी टैरिफ, किसान संकट। लालू यादव अभी भी बिहार के सच्चे नेता, जांच एजेंसियों की साजिश नाकाम। नीतीश नौकरशाहों के सरदार।
बापू सभागार में 17 फरवरी को जमावड़ा। चोटिल पैर व गालियों के बावजूद अडिग। ‘उनका काल समाप्ति की ओर, हमारा प्रभुत्व उपस्थित। साथ निभाएं।’