बॉलीवुड के नेकदिल सितारे सोनू सूद ने बच्चों के भविष्य को खतरे से बचाने के लिए आवाज बुलंद की है। बुधवार को इंस्टाग्राम स्टोरी में उन्होंने साफ कहा कि 16 साल से कम बच्चों को सोशल मीडिया और ऑनलाइन गेमिंग से दूर रखा जाए। पढ़ाई के अलावा कोई छूट नहीं होनी चाहिए।
गाजियाबाद हादसे ने उन्हें ऐसा कहने पर मजबूर किया, जहां तीन मासूमों की ऑनलाइन लत ने जान ले ली। ‘न हिंसा ने मारा, न गरीबी ने, डिजिटल दबाव ने इनकी जिंदगी छीन ली,’ सोनू ने दुखी मन से लिखा। उनका कहना है कि बच्चों का बचपन एल्गोरिदम के हवाले नहीं किया जा सकता।
वे नए कानून की मांग कर रहे हैं, जो फोन के दुरुपयोग पर अंकुश लगाए। ‘प्यार और मार्गदर्शन दें, स्क्रीन टाइम नहीं,’ यह उनका संदेश है। सोनू पहले भी इस विषय पर बोल चुके हैं, खासकर जब ऑस्ट्रेलिया ने बच्चों के लिए प्लेटफॉर्म्स बैन किए।
यह मुद्दा अब राष्ट्रीय बहस का केंद्र बन चुका है। सोनू सूद की अपील से माता-पिता जागरूक हो रहे हैं। सरकार को भी कदम उठाने होंगे वरना ऐसी त्रासदियां बढ़ेंगी। बच्चों को बचाना हम सबकी जिम्मेदारी है।