तिरुवनंतपुरम की विधानसभा में सबरीमाला गोल्ड चोरी केस ने तीसरे दिन भी तूफान ला दिया। सत्ता और विपक्ष के बीच इस जांच को लेकर तीखी नोकझोंक हुई, जो चुनावी साल में राजनीतिक रंग लेती नजर आ रही है।
यूडीएफ ने आरोप लगाया कि पिनराई सरकार जांच को कमजोर कर प्रभावशाली लोगों को बचा रही है। वी.डी. सतीशन ने नेतृत्व किया विरोध का, कहते हुए कि यह ‘स्टेज्ड’ जांच है। उन्होंने सीएम की ‘मजाक’ वाली टिप्पणी की निंदा की और गांधी महिलाओं पर टिप्पणियों को हटाने की मांग रखी।
मंत्री राजेश ने इनकार किया हटाने का, जबकि राजीव ने आरोपी के कांग्रेस कनेक्शन पर सवाल ठोके। सत्ताधारी दलों ने फोटो दिखाए तो विपक्ष ने पलटकर वाम नेताओं की तस्वीरें उतारीं। हंगामे से सदन ठहर गया, विपक्ष ने वॉकआउट किया।
13 गिरफ्तार, लेकिन एसआईटी की देरी से तीन जमानत पर। विपक्ष इसे साजिश बताता है, सरकार न्यायिक प्रक्रिया का हवाला देती है। केरल की सियासत में यह मुद्दा गरमाता रहेगा।