पटना में NEET छात्रा की मौत की जांच अब केंद्रीय एजेंसी सीबीआई करेगी। यह जानकारी डिप्टी सीएम सम्राट चौधरी ने दी। उन्होंने बताया कि बिहार के मुख्यमंत्र नीतीश कुमार ने केंद्र को पत्र लिखकर केस सीबीआई को ट्रांसफर करने की मांग की है। पहले यह जिम्मा बिहार पुलिस की एसआईटी पर था।
फॉरेंसिक जांच में छात्रा के अंडरगारमेंट पर मेल डीएनए मिला, जिससे मामला हत्या का लगने लगा। कई संदिग्धों से सैंपल लिए गए। परिजनों ने डीजीपी से शिकायत की कि जांच ठीक से नहीं हो रही।
विपक्ष ने सरकार को घेर लिया। आरजेडी प्रवक्ता एजाज अहमद बोले कि बेटियों को बचाने के दावे झूठे हैं, जांच में लापरवाही से साफ है कि अपराधी बचाए जा रहे हैं।
बीजेपी के प्रभाकर मिश्रा ने पलटवार किया। उन्होंने कहा सीबीआई को सौंपना सुशासन का प्रमाण है। नीतीश कुमार न्याय की गारंटी देते हैं। बिहार में कानून राज चलेगा, किसी को बख्शा नहीं जाएगा।
यह घटना पूरे बिहार में माता-पिता को चिंतित कर रही है। क्या कोचिंग में बेटियां सुरक्षित हैं? सीबीआई से उम्मीदें बढ़ गई हैं कि दोषियों को सजा मिलेगी।