फ्रांस के राष्ट्रपति की भारत यात्रा से पूर्व नई दिल्ली में नागरिक उड्डयन मंत्री राम मोहन नायडू ने परिवहन मंत्री फिलिप टाबारोट और उनके प्रतिनिधिमंडल का स्वागत किया। द्विपक्षीय हवाई कनेक्टिविटी मजबूत करने पर विस्तृत बातचीत हुई।
एक्स पर अपनी पोस्ट में नायडू ने इसे गौरवपूर्ण अवसर बताया। भारत-फ्रांस की दशकों पुरानी साझेदारी को विमानन क्षेत्र में विस्तार देने के विचार साझा किए गए।
बातचीत में सस्टेनेबल एविएशन फ्यूल और आधुनिक हवाई गतिशीलता पर सहयोग को प्राथमिकता दी गई, ताकि शहरीकरण और यात्रा मांगों का बेहतर समाधान हो सके।
प्रधानमंत्री मोदी के दूरदृष्टिपूर्ण मार्गदर्शन में भारत विमानन महाशक्ति का सपना देख रहा है। फ्रांस संग मिलकर प्रशिक्षण और कौशल विकास पर बल दिया।
विंग्स इंडिया 2026 जैसे आयोजनों में फ्रांस ने सक्रिय भागीदारी दिखाई, जहां हवाई संपर्क, हरित तकनीक और रखरखाव पर चर्चा हुई। भारत का एविएशन बाजार वैश्विक पटल पर सबसे तेज रफ्तार वाला है।
एसएएफ से विमानन प्रदूषण में कमी संभव है, जबकि ड्रोन और ई-वीटीओएल भविष्य की शहरी यात्रा बदल देंगे। राफेल, सिविल उड़ान और अंतरिक्ष तकनीक वाले सहयोग को अब पर्यावरणीय आयाम मिलेगा।
यह संवाद भारत-फ्रांस संबंधों को हवाई क्षेत्र में नई मजबूती देगा।