चिट फंड के जाल में फंसे लोगों को राहत की खबर। सीबीआई ने लंबे समय से फरार चल रहे तन्मय मिर्धा को 29 जनवरी को नदिया जिले के ब्रह्मनगर से धर दबोचा। मामला 2.1 करोड़ रुपये के बड़े घोटाले का है।
सुप्रीम कोर्ट के 2020 के निर्देश पर केस दर्ज हुआ। बंगाल-ओडिशा के चिट फंड कारोबार की पड़ताल में मिर्धा का नाम आया, जो एक्सप्रेस कल्टीवेशन लिमिटेड का डायरेक्टर था।
उसने लोगों को मोटा मुनाफा दिखाकर पैसे उगोचे। लेकिन समय आने पर न तो रिटर्न दिए, न पूंजी लौटाई। आम आदमी का भरोसा तोड़ा गया।
जांच पूरी कर 2022 में कोलकाता कोर्ट में चार्जशीट पेश की गई। आरोपी ने पेशी से बचने की कोशिश की, लेकिन एजेंसी ने हार नहीं मानी। इंटेलिजेंस और सर्च ऑपरेशन से लोकेशन ट्रैक की।
अब अदालत में पेश होगा, रिमांड लेकर बयान दर्ज होंगे। इससे अन्य शामिल लोगों का पता चलेगा। सीबीआई ने चेतावनी दी है कि चिट फंड माफिया के खिलाफ सख्ती बरकरार रहेगी। निवेशकों को सुरक्षित विकल्प अपनाने की सलाह दी गई।