वैश्विक भू-राजनीतिक जोखिम बढ़ने से कीमती धातु बाजार में धमाल मच गया। राष्ट्रपति ट्रंप द्वारा ईरान पर हमले की आशंका जताने के बाद निवेशकों ने सोना-चांदी में भारी निवेश किया, जिससे गुरुवार को इनकी कीमतें नई ऊंचाइयों को छू गईं।
मिडिल ईस्ट में अमेरिकी सेना की तैनाती बढ़ाने और परमाणु वार्ता की मांग के बीच तनाव चरम पर। अमेरिकी डॉलर के लुढ़कने तथा केंद्रीय बैंकों की क्रय शक्ति ने उछाल को गति दी। फेड के दरें अपरिवर्तित रखने का ऐलान बोनस साबित हुआ।
एमसीएक्स में फरवरी गोल्ड 11,575 रुपये (6.98%) उछलकर 1,77,490 रुपये/10 ग्राम पर। मार्च सिल्वर 23,633 रुपये (6.13%) बढ़कर 4,08,999 रुपये/किलो। वैश्विक चांदी 120 डॉलर/औंस पर, सालाना 60% से ज्यादा लाभ के साथ सप्लाई संकट से प्रेरित।
विशेषज्ञों ने बताया कि पूर्व प्रतिरोध स्तर अब समर्थन में बदल गया है। व्यापार युद्ध, कर्ज संकट, डॉलर दुर्बलता और आर्थिक सुस्ती लंबी तेजी के संकेत दे रही हैं। कम दरों की नीति से तरलता सुनिश्चित, छोटी गिरावटें अवसर साबित होंगी।
अनिश्चित दौर में सोना-चांदी निवेशकों के भरोसेमंद साथी बन गए हैं, जो संपत्ति की रक्षा करते हैं।