मिर्जापुर में रात के सन्नाटे को गोलीबारी ने चीर दिया जब पुलिस ने खड़ंजा फाल पर धर्मांतरण और ब्लैकमेल के आरोपी फरीद को घेरा। मुखबिर की टिप पर पहुंचे पुलिसकर्मियों पर फरीद ने फायरिंग की, लेकिन जवाबी कार्रवाई में उसके पैर में गोली लगी और उसे धर दबोचा गया।
फरीद को ट्रामा सेंटर में भर्ती कराया गया है। उसके खिलाफ जिम के जरिए जबरन धर्म परिवर्तन, यौन शोषण और उगाही के केस चल रहे थे। यह केजीएन जिम कांड का पांचवां आरोपी है, जो सदर तहसील कॉलोनी में संचालित था।
महिलाओं ने शिकायत की थी कि ट्रेनर प्रेम के जाल में फंसाते, धर्म बदलवाने को मजबूर करते, वीडियो रिकॉर्ड कर ब्लैकमेल करते। पुलिस ने सात नामजद मुकदमा दर्ज किया। जिम मालिक समेत चार पहले गिरफ्तार हो चुके, चार जिम सील।
जिला हिंदू जागरण मंच संयोजक केसरवानी के मुताबिक, जिम दस-पॉड वर्ष पुराना था, तीन-चार ब्रांचें चल रही थीं। लव जिहाद की अफवाहें लंबे समय से थीं। पीड़ित परिवारों से बातचीत के बाद पूरा खेल खुला। अधिकारी जांच तेज कर सभी को सलाखों के पीछे पहुंचाने के वादे पर कायम हैं।