दावोस में विश्व आर्थिक मंच के दौरान असम के मुख्यमंत्री हिमंत बिस्वा सरमा ने भारत-ईयू व्यापार समझौते को गेम-चेंजर करार दिया। दोनों पक्षों के मजबूत रिश्तों और बढ़ते सहयोग का हवाला देते हुए उन्होंने कहा कि यह सौदा नई ऊंचाइयों को छुएगा।
‘भारतीय उद्योगों को अंतरराष्ट्रीय बाजार चाहिए, और यह समझौता रास्ता साफ करेगा,’ सरमा ने कहा। ईयू के बयानों से भारत को निवेश का हॉटस्पॉट माना जा रहा है, जो हमारी नीतिगत स्थिरता और विकास गति से आकर्षित है।
अमेरिकी टैरिफ विवाद और वैश्विक उथल-पुथल के बीच 27 जनवरी का शिखर सम्मेलन महत्वपूर्ण है। आईएमएफ की 7.3 प्रतिशत विकास दर का अनुमान भारत को दुनिया की तीसरी अर्थव्यवस्था बनाएगा।
‘हमारा लोकतंत्र नीतियों को मजबूत रखता है। बाजार बड़ा है, अर्थव्यवस्था ताकतवर,’ उन्होंने कहा। असम पहली बार दावोस में है, जहां निवेश प्रतिबद्धताएं हासिल हो रही हैं।
सीएम ने असम के युवा बल को एआई-अनुकूल बनाने के प्रयासों का जिक्र किया। राज्य उभरती तकनीकों के लिए स्किलिंग को नया स्वरूप दे रहा है, जैसा कि डब्ल्यूईएफ सत्र में बताया।
यह समझौता आर्थिक साझेदारी का नया अध्याय लिखेगा, जिसमें असम अग्रणी भूमिका निभा रहा है।