उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री संजय निषाद ने लखनऊ में कई राजनीतिक मुद्दों पर खुलकर बात की। समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव को चेतावनी देते हुए उन्होंने दावा किया कि 2027 में 2024 की 37 सीटों का ‘घमंड’ धूल चाटेगा। सपा को बिना मुद्दों वाली पार्टी बताया।
नए भाजपा अध्यक्ष को बधाई देते हुए निषाद ने कहा, भाजपा में आम आदमी राष्ट्रीय स्तर पर नेता बन सकता है- यह लोकतंत्र की ताकत है।
शंकराचार्य अविमुक्तेश्वरानंद के संगम विवाद पर उनका कहना था कि साधु सुख-विलास से परे होते हैं। समाज को उनके बलिदान से सीखना चाहिए।
दिग्विजय सिंह के बयान पर उन्होंने कहा, आरएसएस सेवा का प्रतीक है, कांग्रेस विभाजनकारी। समस्या हो तो दूसरी राह चुनें।
बांग्लादेश संबंधों पर निषाद ने चिंता जताई। भारत ने उसे आजादी दिलाई, फिर भी कट्टरता बढ़ रही है। भारत गंभीरता से फैसला लेगा।
इन बयानों से साफ है कि भाजपा 2027 के लिए तैयार है। उत्तर प्रदेश की सियासत में नया दौर शुरू हो चुका है।