शहरी जीवनशैली ने पेट और सांस की बीमारियों को बुलावा दे दिया है। अनियमित भोजन, मानसिक दबाव और व्यायाम की कमी से अपच, फूलना और बार-बार हिचकी परेशान कर रही है। विशेषज्ञ चेताते हैं, इनका उपचार जरूरी है।
लगातार हिचकी पाचन तंत्र की गड़बड़ी बताती है। डायाफ्राम सिकुड़ने से सांस रुकती है। भारी भोजन, जल्दबाजी, नशा या उत्तेजना इसके कारण हैं। अपान वायु पेट के निचले भाग संभालती है, जो अपशिष्ट बाहर फेंकती है। इसकी गड़बड़ी से सारी मुसीबतें।
अपान वायु मुद्रा आसान तरीके से इसे बैलेंस करती है। कुर्सी या जमीन पर सीधे बैठें, सांस सामान्य करें। अंगूठे से तर्जनी मोड़कर दबाएं, बीच वाली दो उंगलियां जोड़ें, छोटी उंगली फैलाएं। मन को स्थिर रखें।
उंगलियों से एक्टिव पॉइंट्स काम करते हैं, पेट-छाती का संतुलन बनता है। हिचकी बंद, गैस बाहर। फायदे कई: गट हेल्थ बेहतर, हृदय मजबूत, स्ट्रेस घटा, इम्यूनिटी ऊंची। आज से शुरू करें यह सरल योग, बीमारियों से दूर रहें।