ईरान के शीर्ष नेता अली खामेनेई ने घोषणा की कि तेहरान ने संयुक्त राज्य अमेरिका व इजरायल की साजिश को धूल चटा दी। धार्मिक कार्यक्रम में उन्होंने वॉशिंगटन-तेल अवीव की चाल को पूरी तरह विफल बताते हुए जीत का दावा किया।
अमेरिका ने अशांति भड़काकर ईरान पर कब्जा करने की कोशिश की, उनका आरोप। ट्रंप को दंगों की हिंसा का दोषी ठहराया, जिन्होंने दंगाइयों को खुला समर्थन दिया और सैन्य सहायता का वादा किया।
युद्ध नहीं चाहिए, लेकिन अस्थिरता फैलाने वालों को कड़ी सजा मिलेगी। आर्थिक कारणों से शुरू हुए प्रदर्शन अब ठंडे पड़ रहे हैं।
शांतिपूर्ण सभाओं को हिंसक तत्वों ने खराब किया, 3,000 गिरफ्तारियां हुईं। मोबाइल सेवाएं शनिवार से चालू, स्कूल रविवार से।
हिजबुल्लाह के नईम कासिम ने टीवी पर ईरान की तारीफ की, अमेरिका पर वर्चस्व का इल्जाम लगाया। जी-7 को विदेश मंत्रालय ने आड़े हाथों लिया। यह बयान ईरान की दृढ़ता दर्शाता है।