मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कांग्रेस को काशी में मंदिर तोड़ने के झूठे दावों का पर्दाफाश किया। एक विशाल सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने इसे ‘सफेद झूठ’ करार दिया, जो सांप्रदायिक माहौल बिगाड़ने की साजिश है।
योगी सरकार ने काशी को आधुनिकता और आध्यात्मिकता का अनूठा संगम बना दिया है। गलियों का चौड़ीकरण, घाटों का सौंदर्यीकरण और मंदिरों का पुनरुद्धार हुआ है। सीएम ने प्रमाणित दस्तावेज दिखाते हुए कहा कि केवल अवैध निर्माण हटाए गए।
कांग्रेस नेताओं से सवाल किया कि वे बताएं कि कौन सा मंदिर टूटा? इसके जवाब में राज्य सरकार ने करोड़ों का खर्च बताकर मंदिरों की सुरक्षा और रखरखाव की बात कही।
यह विवाद चुनावी जंग को तेज कर रहा है। बीजेपी काशी विश्वनाथ कॉरिडोर जैसे प्रोजेक्ट्स का श्रेय ले रही है, जबकि विपक्ष पुरानी रणनीतियों पर अटका है। योगी ने नए योजनाओं की घोषणा कर विकास यात्रा को गति देने का वादा किया।
काशीवासी योगी के साथ खड़े दिख रहे हैं, जो धरोहर और प्रगति के संतुलन की सराहना कर रहे हैं।