गाजा में शांति स्थापना के प्रयासों को गति देने को अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने तुर्की और मिस्र के नेताओं को ‘पीस बोर्ड’ का हिस्सा बनने के लिए बुलाया है। एर्दोगन और सिसी के शामिल होने से क्षेत्रीय समीकरण बदल सकते हैं।
कार्यकारी पैनल में मार्को रुबियो, अजय बंगा, टोनी ब्लेयर और हाकान फिदान प्रमुख सदस्य हैं। यह दस्ता कूटनीतिक प्रयासों से लेकर गाजा के पुनर्वास के लिए धन जुटाने तक सभी जिम्मेदारियां संभालेगा।
शनिवार को तुर्की ने ट्रंप के निमंत्रण पत्र की जानकारी दी। मिस्र में सिसी के लिए आए प्रस्ताव पर चर्चा जारी है। पूर्व ब्रिटिश पीएम ब्लेयर ने गाजा पुनर्निर्माण की जिम्मेदारी स्वीकार करते हुए उत्साह जताया।
बोर्ड वैश्विक संसाधनों को एकजुट करेगा, विकास की दिशा में जवाबदेही कायम रखेगा। अमेरिका ने स्थिरीकरण बल भेजने और शासन-सुरक्षा समन्वय के लिए विशेष प्रतिनिधि बनाने का ऐलान भी किया।
जमीन पर तनाव बरकरार है, हमास हथियार डालने को तैयार नहीं। यद्यपि ceasefire ने बड़े युद्ध रोके, लेकिन छोटी-मोटी घटनाएं शांति को अधर में लटका रही हैं। ट्रंप का यह कदम मील का पत्थर साबित हो सकता है।