डाक विभाग ने ओएनडीसी के माध्यम से प्राप्त पहले ऑनलाइन ऑर्डर को डिलीवर कर ई-कॉमर्स जगत में कदम रख दिया। यह घटना डाक सेवाओं के डिजिटल परिवर्तन को रेखांकित करती है, जहां डाकिए अब आधुनिक लॉजिस्टिक्स का अभिन्न अंग बन गए हैं।
ओएनडीसी खरीदारों और विक्रेताओं के बीच खुला नेटवर्क स्थापित करता है, जिससे छोटे व्यापारियों को बड़ा बाजार मिलता है। डाक विभाग अपनी व्यापक पहुंच के साथ आदर्श भागीदार है। पहली डिलीवरी निर्बाध रही—ऑर्डर स्वीकार से लेकर हस्तांतरण तक सब कुछ समय पर।
प्रक्रिया सरल लेकिन प्रभावी थी: ओएनडीसी ऐप पर ऑर्डर, विक्रेता से पिकअप और डाक नेटवर्क से डिलीवरी। यह सफलता दर्शाती है कि विभाग उच्च मात्रा वाले ऑर्डर संभालने को तैयार है। ग्रामीण क्षेत्रों में जहां निजी सेवाएं महंगी हैं, वहां डाक विभाग सस्ती वैकल्पिक प्रदान करेगा।
यह कदम डिजिटल इंडिया के अनुरूप है। ‘यह प्रतिस्पर्धा बढ़ाएगा और उपभोक्ता लागत घटाएगा,’ एक विशेषज्ञ ने टिप्पणी की। विभाग एपीआई एकीकरण, ड्रोन डिलीवरी और कर्मचारी प्रशिक्षण पर काम कर रहा है। आने वाले समय में ओएनडीसी के जरिए लाखों ऑर्डर डाक विभाग संभालेगा, जिससे स्थानीय अर्थव्यवस्था मजबूत होगी।