बॉलीवुड के सपने दिखाकर ठगों ने दीपक के जेब काट ली। 2.50 लाख रुपये के इस फर्जीवाड़े में तीन लोगों पर पुलिस ने केस ठोक दिया है। सोशल मीडिया पर चालाकी से फंसाने वाले ये आरोपी अब फरार हैं, लेकिन कानून का शिकंजा कस रहा है।
दीपक को मैसेजिंग ऐप पर प्रोड्यूसर्स बनकर संपर्क किया गया। उन्होंने स्टार कास्ट, बजट और कमाई के आंकड़े दिखाकर लुभाया। प्रोफेशनल प्रेजेंटेशन और वीडियो कॉल्स से शक की कोई गुंजाइश नहीं छोड़ी।
निवेश के नाम पर कई किस्तों में पैसा मंगवाया गया। फिल्म की शूटिंग शुरू होने का बहाना बनाकर और रकम की मांग की गई, जिसके बाद संपर्क टूट गया। गुस्साए दीपक ने थाने का रुख किया।
पुलिस ने आईपीसी की धाराओं के तहत तीनों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की। जांच में कई शहरों में इसी तरह के शिकार मिले। बैंक ट्रांजेक्शन और मोबाइल नंबरों से सुराग मिल रहे हैं।
फिल्म फंडिंग के क्षेत्र में पारदर्शिता की जरूरत है। लोग फर्जी प्रोजेक्ट्स से सावधान रहें। पुलिस ने जागरूकता अभियान चलाने का ऐलान किया है। दीपक को न्याय मिलेगा और ठग सलाखों के पीछे होंगे।