दिल्ली में स्वास्थ्य क्रांति को नई गति मिली है। 81 नए आयुष्मान आरोग्य मंदिरों का मुख्यमंत्री अतिशी ने उद्घाटन किया, तो AAP नेता हर्ष मल्होत्रा ने इसे ‘क्रांतिकारी कदम’ करार दिया। सभी 14 जिलों में फैले ये केंद्र अब लाखों लोगों की सेहत का ख्याल रखेंगे।
हर मंदिर में ईसीजी, अल्ट्रासाउंड और पैथोलॉजी लैब जैसी सुविधाएं हैं। सालाना 10 लाख जांच का लक्ष्य है, खासकर डायबिटीज और हाई बीपी पर फोकस। मोहल्ला क्लीनिकों की सफलता पर आधारित यह विस्तार बड़े हॉस्पिटलों को राहत देगा।
मल्होत्रा ने कहा, ‘केजरीवाल जी ने दिल्ली को हेल्थ कैपिटल बना दिया। पहले घंटों लगते थे, अब मिनटों में चेकअप।’ उन्होंने पिछले सरकारों की नाकामी पर तंज कसा। 50 लाख परामर्श पिछले साल ही हुए।
आयुष्मान कार्ड से मुफ्त ओपीडी, दवा और एंबुलेंस उपलब्ध। वेलनेस प्रोग्राम से बचाव पर जोर। एनजीओ ने सराहना की। आने वाले समय में 1000 केंद्रों का वादा।
पहले दिन नामांकन की होड़ मची। महामारी के बाद यह प्रयास दिल्ली को मजबूत बनाएगा। मल्होत्रा बोले, ‘यह जनसेवा है, राजनीति नहीं।’