समुद्र से समृद्धि की नई यात्रा शुरू करते हुए लक्षद्वीप ने मत्स्य पालन क्षेत्र में उद्यमिता को प्रोत्साहन और ब्लू इकोनॉमी के विस्तार के लिए रणनीतिक रोडमैप पेश किया है। यह दस्तावेज द्वीपवासियों के लिए समुद्री अर्थव्यवस्था के नए द्वार खोलेगा।
मुख्य बिंदुओं में मछली पकड़ने वाली नौकाओं का आधुनिकीकरण, लैंडिंग सेंटर्स का निर्माण, प्रोसेसिंग यूनिट्स की स्थापना और कौशल विकास शामिल हैं। स्टार्टअप्स के लिए इंक्यूबेशन सेंटर, मेंटरशिप और सरकारी अनुदान की सुविधा होगी।
द्वीप समूह के विशाल समुद्री क्षेत्र में संभावनाएं असीम हैं, लेकिन बुनियादी ढांचे की कमी बाधा बनी हुई है। रोडमैप जीपीएस, सोलर कोल्ड स्टोरेज और निर्यात संवर्धन से इन कमियों को दूर करेगा। सस्टेनेबल प्रैक्टिसेज जैसे समुद्री संरक्षित क्षेत्रों का विस्तार अनिवार्य होगा।
ब्लू इकोनॉमी के अंतर्गत मोती पालन, वेव एनर्जी और इको-टूरिज्म को बढ़ावा मिलेगा। अगले पांच वर्षों में भारी निवेश से जीडीपी में उल्लेखनीय वृद्धि और रोजगार सृजन होगा। यह योजना न केवल आर्थिक मजबूती लाएगी, बल्कि पर्यावरणीय संतुलन भी बनाए रखेगी। लक्षद्वीप अब ब्लू इकोनॉमी का मॉडल बनेगा।