मध्य प्रदेश। कांग्रेस की न्याय यात्रा ने धरती को हिला दिया है। भागीरथपुरा के भयावह हादसे और मनरेगा में बदलावों को निशाने पर लेते हुए यह यात्रा रवाना हुई। हजारों समर्थकों के बीच नेताओं ने सरकार को कटघरे में खड़ा किया।
भागीरथपुरा हादसे में अवैध दीवार गिरने से कई मासूमों की जान गई। कांग्रेस ने चेतावनियों की अनदेखी और भ्रष्टाचार को जिम्मेदार ठहराया। यात्रा में शोक सभाएं होंगी, पीड़ित परिवारों से मुलाकात होगी।
मनरेगा के नए नियमों पर सवाल खड़े हो रहे हैं। आधार बायोमेट्रिक, काम की गारंटी घटाने जैसे कदमों से ग्रामीण परेशान। यात्रा ग्रामीण क्षेत्रों में रुकेगी, जहां मजदूरों की चिट्ठियां पढ़ी जाएंगी और वादे किए जाएंगे।
५० जिलों से गुजरने वाली यह यात्रा स्मार्टफोन लाइव, घर-घर अभियान पर जोर देगी। कमलनाथ जैसे दिग्गज युवा ब्रिगेड के साथ उतरेंगे। भाजपा इसे स्टंट कह रही, लेकिन जनता का रुझाव दिख रहा। यह यात्रा विपक्ष को नई ताकत देगी।