भारतीय शेयर बाजार में म appendixंदी जारी है। सोमवार को चौथे सत्र में भी बाजार लाल निशान के साथ खुला, जिसमें धातु कंपनियों पर सबसे ज्यादा असर पड़ा। निफ्टी मेटल इंडेक्स में शुरुआती कारोबार में 2.3 प्रतिशत की गिरावट आई, जबकि सेंसेक्स 500 अंक और निफ्टी 100 अंक लुढ़क गए।
वेदांता, अपल अपोलो ट्यूब्स और सेल जैसे स्टॉक्स में तेज बिकवाली हुई। अंतरराष्ट्रीय धातु कीमतों में नरमी, अमेरिकी डॉलर की मजबूती और चीनी अर्थव्यवस्था की कमजोरी ने घरेलू बाजार को प्रभावित किया। एशियाई बाजारों में भी कमजोर शुरुआत हुई।
एफआईआई की बिकवाली का सिलसिला थम नहीं रहा, जबकि डीआईआई ने कुछ खरीदारी की। बैंकिंग इंडेक्स में भी दबाव दिखा, हालांकि फार्मा और एफएमसीजी में हलचल कम रही।
बाजार जानकारों ने चेतावनी दी है कि मेटल सेक्टर चक्रीय है और वैश्विक मंदी से सबसे ज्यादा प्रभावित होता है। तेल कीमतों में उछाल और महंगाई की आशंका ने निवेशकों को सतर्क कर दिया है। निफ्टी के 24300 के आसपास सपोर्ट महत्वपूर्ण है। अगर बाजार यहां टिका तो रिकवरी संभव, वरना और दर्द हो सकता है। निवेशक सुरक्षित विकल्पों की ओर रुख करें।