पिछले वर्ष नोएडा ने अवैध निर्माणों पर लगाम लगाते हुए 2,745 करोड़ रुपये मूल्य की बहुमूल्य जमीन को अतिक्रमणकारियों के चंगुल से मुक्त कर लिया। यह सफलता प्राधिकरण की दृढ़ इच्छाशक्ति का प्रतीक है, जो शहर को अवैधता के जाल से आजाद करने में जुटी रही।
विभिन्न सेक्टरों में फैले अनधिकृत ढांचों पर बुलडोजर चले, जिसमें 500 से अधिक बड़े निर्माण ध्वस्त किए गए। नदी किनारे और सड़क मार्गों पर विशेष ध्यान दिया गया। सर्वेक्षण, नोटिस और पुलिस बल के सहयोग से अभियान प्रभावी रहा।
परिणामस्वरूप न केवल जमीन मिली, बल्कि पर्यावरण संरक्षण और यातायात सुधार भी हुआ। मुक्त स्थलों पर अब इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट शुरू होंगे, जो निवेशकों को आकर्षित करेंगे।
नागरिकों की शिकायतों पर त्वरित कार्रवाई ने विश्वास बढ़ाया। भविष्य में सैटेलाइट निगरानी से दोबारा कब्जे रोके जाएंगे। नोएडा का यह प्रयास उत्तर प्रदेश के अन्य जिलों को प्रेरित करेगा।