बांग्लादेश में शेख हसीना के पतन के बाद 2026 के चुनाव नजदीक आते ही बीएनपी ओपिनियन पोल में अव्वल है। एमिनेंस एसोसिएट्स के सर्वे में बीएनपी को 70 फीसदी समर्थन मिला, जमात को 19 फीसदी। तारिक रहमान की देश वापसी ने कार्यकर्ताओं में उत्साह भरा है। खालिदा जिया की मृत्यु से भावनात्मक समर्थन बढ़ा। महिलाएं 71 फीसदी बीएनपी के पक्ष में। अवामी लीग के 60 फीसदी समर्थक बीएनपी की ओर मुड़े। एनसीपी को 2.9 फीसदी वोट। जमात को अपराध-हिंसा और पाकिस्तानी आईएसआई से जुड़ाव के कारण नुकसान। जनता शांति-विकास चाहती है, शरिया नहीं। भारत बीएनपी सरकार की अपेक्षा कर रहा है, मोदी का भावुक संदेश रहमान को सौंपा। लेकिन जमात-आईएसआई मिलकर हिंसा फैला चुनाव टालने की साजिश रच सकती है। हाल के हिंदू हत्याकांडों से अलर्ट, सीमा सुरक्षा कड़ी।
Trending
- म्यांमार बॉर्डर पर एनसीबी का धमाका, दो तस्कर गिरफ्तार, हेरोइन सीज
- खालिदा जिया को सलाम: मिशिगन शहर ने सड़क का नाम उनके सम्मान में रखा
- सीएम सैनी ने मिजुहो बैंक एमडी से हरियाणा निवेश पर की चर्चा
- सुनील लहरी को लक्ष्मण न मिला तो बने सुमित्रा नंदन, ‘रामायण’ की अनसुनी कास्टिंग स्टोरी
- ईडी की छापेमारी पर भड़की टीएमसी, आई-पैक और जैन आवास पर प्रदर्शन
- रिपोर्ट: पाकिस्तान बेहद समस्याग्रस्त साझेदार, अमेरिका करे पुनर्मूल्यांकन
- दिलीप प्रभावलकर का कमाल: युवा उम्र में बुजुर्ग रोल से ऑस्कर तक
- विन्सेंट पाला ने मेघालय चुनावों के लिए कांग्रेस में टिकट की मांग की पुष्टि की